Indian Raiway Issues Guidelines For Ttes On Board 100 Pairs Of Special Trains To Run From June 1 – काले कोट और टाई में नहीं बल्कि पीपीई किट पहने नजर आएंगे टीटीई, दिशानिर्देश जारी

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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Fri, 29 May 2020 08:31 PM IST

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167 साल के इतिहास में पहली बार रेलवे के ट्रेन पर सवार टिकट चेकिंग स्टाफ अपने परंपरागत काले कोट और टाई में नहीं दिखाई देंगे। अब वह इसके स्थान पर दस्ताने, मास्क, पीपीई किट पहने दिखेंगे और मैग्नीफाइंग ग्लास से टिकट की जांच करेंगे। भारतीय रेलवे ने यह बात कोरोना वायरस महामारी को देखते हुए शुक्रवार को जारी एक आदेश में कही। 

ये निर्देश भारतीय रेलवे द्वारा जारी टीटीई के लिए गाइडलाइंस का हिस्सा हैं जो एक जून से शुरू होने वाली 200 ट्रेनों में ड्यूटी पर रहेंगे। दिशानिर्देशों के मुताबिक, कोरोना संक्रमण के प्रसार के मौकों को कम से कम रखने के लिए टीटीई स्टाफ को टाई और कोट पहनने से मना किया जा सकता है। हालांकि, वह अपना नाम और पद का बैज लगा सकेंगे। 

दिशानिर्देशों में यह भी कहा गया कि स्टाफ को पर्याप्त संख्या में मास्क, फेस शील्ड, हैंड ग्लव्स, हेड कवर, सैनिटाइजर और साबुन उपलब्ध कराए जाएंगे ताकि वह अपने कार्य को सुरक्षित तरीके से अंजाम दे सकें। यह भी कहा गया है कि इसका निरीक्षण भी किया जाएगा कि टीटीई इन सभी नियमों और निर्देशों का सही तरीके से पालन कर रहे हैं या नहीं। 

इसमें कहा गया है कि टिकट में जानकारियां जांचते समय किसी तरह का शारीरिक संपर्क न हो इसके लिए जहां तक संभव होगा टीटीई को मैग्नीफाइंग ग्लास उपलब्ध कराए जा सकते हैं, जिससे टीटीई बिना टिकट को छुए सुरक्षित दूरी से टिकट पर दर्ज जानकारियों की जांच कर सके। 

167 साल के इतिहास में पहली बार रेलवे के ट्रेन पर सवार टिकट चेकिंग स्टाफ अपने परंपरागत काले कोट और टाई में नहीं दिखाई देंगे। अब वह इसके स्थान पर दस्ताने, मास्क, पीपीई किट पहने दिखेंगे और मैग्नीफाइंग ग्लास से टिकट की जांच करेंगे। भारतीय रेलवे ने यह बात कोरोना वायरस महामारी को देखते हुए शुक्रवार को जारी एक आदेश में कही। 

ये निर्देश भारतीय रेलवे द्वारा जारी टीटीई के लिए गाइडलाइंस का हिस्सा हैं जो एक जून से शुरू होने वाली 200 ट्रेनों में ड्यूटी पर रहेंगे। दिशानिर्देशों के मुताबिक, कोरोना संक्रमण के प्रसार के मौकों को कम से कम रखने के लिए टीटीई स्टाफ को टाई और कोट पहनने से मना किया जा सकता है। हालांकि, वह अपना नाम और पद का बैज लगा सकेंगे। 

दिशानिर्देशों में यह भी कहा गया कि स्टाफ को पर्याप्त संख्या में मास्क, फेस शील्ड, हैंड ग्लव्स, हेड कवर, सैनिटाइजर और साबुन उपलब्ध कराए जाएंगे ताकि वह अपने कार्य को सुरक्षित तरीके से अंजाम दे सकें। यह भी कहा गया है कि इसका निरीक्षण भी किया जाएगा कि टीटीई इन सभी नियमों और निर्देशों का सही तरीके से पालन कर रहे हैं या नहीं। 

इसमें कहा गया है कि टिकट में जानकारियां जांचते समय किसी तरह का शारीरिक संपर्क न हो इसके लिए जहां तक संभव होगा टीटीई को मैग्नीफाइंग ग्लास उपलब्ध कराए जा सकते हैं, जिससे टीटीई बिना टिकट को छुए सुरक्षित दूरी से टिकट पर दर्ज जानकारियों की जांच कर सके। 



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